बीकानेरराजस्थान

डेंगू के खिलाफ जागरूकता के लिए दो दिन चलेंगी सघन गतिविधियां , घरों में होंगी एंटी लार्वल गतिविधियां

बीकानेर। डेंगू के विरूद्ध जागरुकता के उद्देश्य से शनिवार और रविवार को ‘डेंगू मुक्त बीकाणा अभियान’ के तहत जिले भर में सघन गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। शनिवार को जिले के सभी सरकारी कार्यालयों, स्कूलों-कॉलेजों, विश्वविद्यालयों, आंगनबाड़ी केन्द्रों में पानी के ठहराव को खत्म किया जाएगा। इसी प्रकार रविवार को जिले के शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में घर-घर में एंटी लार्वल गतिविधियां आयोजित की जाएंगी।
जिला कलक्टर नमित मेहता ने गुरुवार को कलक्ट्रेट में आयोजित बैठक में यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि डेंगू पर प्रभावी रोकथाम के लिए मच्छरों की प्रजनन चैन को तोड़ना जरूरी है। इसके मद्देनजर जिले भर में दो दिन सघन अभियान चलाया जाएगा। पहले दिन शनिवार को प्रातः 10 बजे से सभी सरकारी कार्यालयों में पानी के ठहराव को खत्म किया जाएगा। जागरुकता की यह गतिविधियां ग्राम पंचायत स्तर तक आयोजित होंगी। प्रत्येक कार्यालय में इस कार्यवाही के लिए संबंधित कार्यालयाध्यक्ष जिम्मेदार होंगे तथा की गई कार्यवाही की रिपोर्ट उपलब्ध करवानी होगी।
जिला कलक्टर ने बताया कि रविवार को प्रातः 10 बजे से घरों और दुकानों में एंटी लार्वल गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इसके तहत घरों में टायर, कूलर तथा गमलों आदि में ठहरे हुए पानी को नष्ट किया जाएगा। घरेलू जल स्त्रोतों को ढकने तथा ठहरे हुए पानी में कच्चा तेल डालने के लिए जागरुक किया जाएगा। उन्होंने बताया कि इस कार्यक्रम में घर-घर तक पहुंचाने में जनप्रतिनिधियों, एनएसएस, एनसीसी, स्काउट-गाइड, स्वयंसेवी संस्थाओं, पुलिस, बीएसएफ, उद्योगपतियों, धर्मगुरुओं, महिला संगठनों सहित प्रत्येक वर्ग का सहयोग लिया जाएगा।
इस दौरान जिला कलक्टर ने डेंगू की स्थिति की समीक्षा की तथा दवाइयों आदि की उपलब्धता के बारे में जाना। बैठक में अतिरिक्त कलक्टर (प्रशासन) बलदेव राम धोजक, जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी ओमप्रकाश, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. ओ.पी. चाहर, पीबीएम अधीक्षक डॉ. गुंजन सोनी, जागरूकता अभियान समन्वयक राजेन्द्र जोशी, वरिष्ठ चिकित्सा अधिकारी डॉ. अनिल वर्मा तथा जिला महामारी विशेषज्ञ नीलम प्रताप सिंह मौजूद रहे।
बैठक शुक्रवार को
दो दिवसीय जागरूकता अभियान को अंतिम रूप देने के लिए शुक्रवार को दोपहर 12.30 बजे कलक्ट्रेट सभागार में बैठक आयोजित की जाएगी। इस दौरान शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में टीमों के गठन, जागरूकता रैलियां आयोजित करने तथा विभिन्न माध्यमों से प्रचार-प्रसार के सम्बन्ध में चर्चा की जाएगी।

What's your reaction?